Saturday, 13 May 2017

लोक सुराज अभियान राशन, पेंशन और मजदूरी का 7 दिनों में करें निराकरण: कृषि मंत्री श्री अग्रवाल



                                      राजधानी का जिला रायपुर बने प्रदेश का आदर्श जिला
रायपुर का आरंग विकासखण्ड बनेगा प्रदेश का जैविक विकासखण्ड
धमतरी की तर्ज पर रायपुर में भी बनेगा किसान बाजार
ग्रीन रायपुर बनाने के लिए सड़कों फुटपाथ में लगेंगे एक लाख पौधे
स्मार्ट सिटी में लोग घरों की छतों गमलों में उगाऐंगे सब्जी, मिलेगी सब्सिडी
कृषि मंत्री श्री अग्रवाल ने विभिन्न विभागीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की


रायपुर, 13 मई 2017

 प्रदेश के कृषि एवं जल संसाधन मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा है कि प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह सहित समूचा शासन-प्रशासन लोक सुराज अभियान के माध्यम से जनता के बीच जा रहा है और इस अभियान का मुख्य उद्देश्य ही यह है कि जनता की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया जाए और मांगों के आधार पर वहां के विकास की कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने कहा कि राशन, पेंशन और मजदूरी से संबंधित आवेदनों को पहली प्राथमिकता से 7 दिनों के भीतर उनका अनिवार्य रूप से निराकरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने इसके लिए रायपुर नगर निगम को ऐसी कार्यप्रणाली अपनाने को कहा जिससे मेयर इन काउन्सिल या सामान्य सभा से अनुमोदन मिलने तक लोगों को इसके लिए इंतजार करना पड़े। श्री अग्रवाल ने कहा कि रायपुर प्रदेश की राजधानी का जिला है यहां इस तरह से विभागीय योजनाओं को अमलीजामा पहनाया जाना चाहिए ताकि यह एक आदर्श जिला के रूप में स्थापित हो सके और प्रदेश के अन्य जिलों से आने वाले लोग इस मॉडल को देख सके। श्री अग्रवाल लोक सुराज अभियान के तहत आज यहां कलेक्टोरेट के रेडक्रास सभाकक्ष में विभागीय योजनाओं की समीक्षा के दौरान उपरोक्त निर्देश अधिकारियों को दिए।
आवेदकों को लिखित में करें सूचित
लोक सुराज अभियान के दौरान विभागों को प्राप्त आवेदनों की समीक्षा करते हुए कृषि मंत्री श्री अग्रवाल ने कहा कि सभी विभागीय अधिकारी एक-एक आवेदनों को व्यक्तिगत रूप से देखे और जिन आवेदकों ने जो भी मांग शिकायत की है, उसके निराकरण की जानकारी लिखित में ग्राम पंचायत सचिवों के माध्यम से उनकों दी जाए। उसमें यह बताया जाए कि कब तक उन्हें योजना के तहत लाभान्वित किया जाएगा या किस कारण से वे इस योजना के लिए पात्र नही है।
धमतरी की तर्ज पर रायपुर में भी बनेगा किसान बाजार
      कृषि मंत्री श्री अग्रवाल ने कहा कि धमतरी की तर्ज पर ही स्मार्ट सिटी रायपुर में भी किसान बाजार बनाया जाए। इससे किसानों को बिचैलियों से मुक्ति मिलेगी और बारी-बारी से आकर चबूतरे में दुकान लगा सकेंगे। किसान बाजार में मिल्क पार्लर देवभोग के स्टॉल भी रहेंगे जिससे दूध बेचने वालों को भी इसका लाभ मिल सकेगा। इससे लोगों को ताजी सब्जियां दूध आसानी से मिल सकेगा। श्री अग्रवाल ने किसान बाजार के लिए मण्डी बोर्ड से 50 लाख रूपए की राशि भी प्रदान करने को कहा है। उन्होंने नगर निगम को स्थल का चयन कर तीन माह में इसे तैयार करने के निर्देश दिए है।
रायपुर शहर में पेयजल के लिए तैयार करें इंटीग्रेटेड प्लान
कृषि मंत्री ने कहा कि रायपुर शहर में बहुत सी पानी टंकिया बनी है परंतु वो पूरी तरह से भर नही पा रही है। नगर निगम और विभागीय अधिकारी इसके लिए एक इंटीग्रेटेड प्लान तैयार करें ताकि भविष्य में लोगों को पेयजल के लिए किसी भी प्रकार की समस्या हो सके। श्री अग्रवाल ने मनरेगा, जिला खनिज निधि तथा 14 वें से जल संक्षरण के अधिक से अधिक कार्य करने को कहा जिससे लोगों को पेयजल, निस्तारी और सिंचाई के लिए भरपूर पानी मिल सके और भू-जल का स्तर बढ़ सके। उन्होंने जिले के सभी जल संरचनाओं की तत्काल मरम्मत कराने को भी कहा जिससे निर्धारित सिंचाई क्षमता का लाभ किसानों का मिल सके। कृषि मंत्री ने रायपुर के भांटागांव एनीकट से बीरगांव एनीकट तक गहरीकरण का कार्य भी करने को कहा है। इससे जहां भू-जल स्तर बढ़ सकेगा और सड़क से गुजरने वाले लोग सुन्दर नजारा देख सकेंगे। 
आरंग बनेगा प्रदेश का जैविक विकासखण्ड
       कृषि मंत्री ने कहा कि रायपुर जिले के आरंग विकासखण्ड को प्रदेश का जैविक विकासखण्ड बनाया जाएगा। यहां पालीथीन और अंग्रेजी खाद को पूरी तरह बंद कर कम्पोस्ट, वर्मी कम्पोस्ट, जैविक खाद पर आधारित कृषि को बढ़ावा दिया जाएगा। प्रदेश के अन्य जिलों के किसान यहां आकर इस मॉडल को देख सकेंगे। पशुधन विकास विभाग को डेयरी के 50 प्रकरण भी यहां स्वीकृत करने के निर्देश दिए गए है। श्री अग्रवाल ने इसके लिए कृषि विभाग और जिला प्रशासन को इस दिशा किसानों को प्रेरित कर आवश्यक कार्य करने को कहा है। उन्होंने अभियान चलाकर जिले में माईक्रो इरीगेशन को बढ़ावा देने तथा चेकडेम स्टॉपडेम का गहरीकरण करने को कहा जिससे किसान तीन फसल आसानी से ले सके।
ग्रीन रायपुर बनाने सड़कों के किनारे लगेंगे एक लाख पौधे
             कृषि मंत्री ने कहा कि रायपुर शहर को ग्रीन रायपुर बनाने शहर के चारों तरफ की सड़कों सहित फुटपाथों मेें आगामी मानसून सत्र के दौरान एक लाख पौधे लगाए जाएं ताकि रायपुर शहर हरा-भरा हो सके। इससे जहां प्रदूषण नियंत्रित होगा वहीं जल संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। कृषि मंत्री ने शासकीय स्कूलों में जहां बड़े मैदान है और उनमें बाउन्ड्रीवॉल नही है वहां चेनलिंग फैसिंग कर वृक्षारोपण करने को कहा है जिससे वृक्षारोपण के साथ बच्चों को स्वस्थ्य और स्वच्छ वातावरण मिल सके। श्री अग्रवाल ने खारून महानदी सहित जिले के नालों के किनारे भी बड़ी संख्या में वृक्षारोपण करने को कहा है जिससे जल का संरक्षण किया जा सके।
जिले के 3.36 लाख किसानों को मिलेंगे निःशुल्क 5-5 फलदार पौधे
कृषि मंत्री ने कहा कि रायपुर जिले के 3 लाख 36 हजार किसानों के मुद्रा स्वास्थ्य कार्ड बनाए गए है सभी को इसका वितरण सुनिश्चित हो जाए। उन्होंने इन किसानों को नीबू, कटहल, जाम, मुनगा तथा जामून के पौधे निःशुल्क वितरित करने को भी कहा है जिससे वो इससे अतिरिक्त आमदनी प्राप्त कर सकें। श्री अग्रवाल ने कहा कि स्मार्ट सिटी में लोग अपने मकानों की छत और गमलों में भी सब्जी उत्पादन कर सके इसके लिए उन्हें विभाग से सब्सिडी भी दी जाएगी। श्री अग्रवाल ने बताया कि रायपुर के बाना नर्सरी मंे हाईटेक तरीके से बीज से पौधे तैयार किए जा रहे है। जिला प्रशासन यहां से अधिक से अधिक पौधे तैयार कराकर किसानों को प्रदान करे जिससे उन्हें इसका अच्छा लाभ मिल सके।
सभी कार्यालयों में हो शिकायत पंजी
कृषि मंत्री ने कहा कि जिले के सभी कार्यालयों में एक शिकायत पंजी अनिवार्य रूप से हो और उसमें प्राप्त होने वाले आवेदनों की माह में एक बार विकासखण्ड स्तरीय अधिकारियों के साथ समीक्षा कर उनका निराकरण सुनिश्चित किया जाए। कृषि मंत्री ने राजस्व प्रकरणों की समीक्षा करते हुए 3 माह से अधिक के प्रकरणों को 30 मई तक निराकृत करने और शेष प्रकरणों को आगामी 3 माह में निराकृत करने को कहा है। श्री अग्रवाल ने कहा कि जो प्रकरण तुरंत निराकरण हो सकते है उन्हें अनावश्यक रूप से दर्ज करे। श्री अग्रवाल ने कहा कि रायपुर शहर जिले में स्वास्थ्य केन्द्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को बढ़ाया जाए ताकि शतप्रतिशत संस्थागत प्रसव सुनिश्चित हो सके। उन्होंने लो वोल्टेज खराब ट्रान्सफार्मरों को दुरूस्त करने तथा पेयजल से संबंधित समस्याओं का त्वरित निराकरण करने के निर्देश अधिकारियों को दिए है। कलेक्टर श्री .पी. चैधरी ने जिले के 100 स्कूलों को स्मार्ट स्कूल बनाया जा रहा है। यहां आधुनिक लैब, लाइब्रेरी, लर्निंग कार्नर तथा प्रोजेक्टर युक्त -क्लास बनाये जा रहे हैं। आगामी मानसून सत्र में जिले में 4 लाख पौधों का रोपण किया जाएगा, जिसमें बड़ी संख्या में पीपल आदि के पेड़ लगाए जाएंगे जिससे लोगों को स्वच्छ हवा मिल सके।
अनुपस्थित अधिकारियों को नोटिस जारी
      कृषि मंत्री ने बैठक में विद्युत विभाग, नाप तौल और शहरी स्वास्थ्य अधिकारी के अनुपस्थित रहने पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्हें कारण बताओ नोटिस भी जारी करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर रायपुर नगर निगम के महापौर श्री प्रमोद दुबे, जिला पंचायत की अध्यक्ष श्रीमती शारदा वर्मा, महापौर बीरगांव श्रीमती अंबिका यदु, जिला पंचायत की सभापति श्रीमती सविता चंद्राकर, पुलिस अधीक्षक डॉ. संजीव शुक्ला, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री नीलेश क्षीरसागर तथा नगर निगम रायपुर के आयुक्त श्री रजत बंसल सहित सभी विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
क्रमांक: 712/पवन

हमर छत्तीसगढ़ योजना : गौशाला में बेसहारा पशुओं को मिला ठिकाना




रायपुर. 13 मई 2017
   खुले में घूम रहे पालतू पशुओं गाय, भैंस और बकरी द्वारा खेतों की फसल चरने से किसानों को बहुत नुकसान होता है। इनके सड़कों में इधर-उधर भटकने से होने वाली दुर्घटनाओं में पशुधन की हानि भी होती है। गरियाबंद जिले के फिंगेश्वर विकासखंड के कोपरा पंचायत ने इस समस्या से निपटने गौशाला का निर्माण कराया है। राज्य शासन के पशुधन विकास विभाग की मदद से निर्मित इस गौशाला में बेसहारा और लावारिस घूमने वाले पशुओं को ठिकाना मिल रहा है।
हमर छत्तीसगढ़ योजना में अध्ययन भ्रमण पर रायपुर आईं कोपरा की सरपंच श्रीमती डॉली साहू बताती हैं कि खेती-किसानी से जुड़े होने के कारण अधिकांश परिवार गाय-भैंस या भेड़-बकरियां पालते हैं। गांव में यहां-वहां घूमते पालतू पशुओं को कई-कई दिन तक ठीक से चारा और भोजन नहीं मिल पाता। इससे वे शारीरिक रूप से कमजोर हो जाते हैं। वे बताती हैं कि पहले गांव में पालतू पशुओं के लिए कोई आश्रय स्थल नहीं होने से पकड़े जाने पर उन्हें 15 किलोमीटर दूर सिरकट्टी गांव के कांजी हाउस या फिर 40 किलोमीटर दूर धवलपुर पंचायत के गौशाला में भेजना पड़ता था।
सरपंच श्रीमती साहू कहती हैं गरियाबंद में हुए कृषक सम्मेलन में उन्हें पशुधन मित्र योजना के बारे में पता चला। वहां बताया गया कि पालतू पशुओं के संरक्षण, विकास और देखभाल के लिए योजना के तहत पंचायतों को अनुदान राशि दिया जाता है। अपने पंचायत की ओर से उन्होंने पशुधन विकास विभाग में आवेदन दिया। गौशाला निर्माण की स्वीकृति मिलने पर पांच लाख रूपए की लागत से पांच एकड़ भूमि पर गौशाला निर्माण कराया गया। अब गांव में कोई पालतू पशु लावारिस घूमते नहीं दिखता। ऐसे सभी पशुओं को गौशाला में रखा जाता है।
श्रीमती साहू बताती हैं कि गांव में गौशाला बन जाने से दो फायदे हुए हैं। एक तो पालतू पशुओं को रहने-खाने और चारे के लिए भटकना नहीं पड़ता। दूसरा उनके गोबर से जैविक खाद बनाने का काम हो रहा है। गांव के किसान अपने खेतों में रासायनिक खाद के बदले जैविक खाद का उपयोग कर रहे हैं। गौशाला की देखरेख एवं संचालन के लिए ग्रामीणों की समिति गठित की गई है। समिति के सदस्यों को मानदेय भी दिया जाता है।
हमर छत्तीसगढ़ योजना में अध्ययन भ्रमण के बारे में सरपंच श्रीमती साहू कहती हैं कि सरकार की यह योजना बहुत ही उद्देश्यपूर्ण है। पंच-सरपंच यहां एक साथ कई अनुभवों भ्रमण, अध्ययन, मनोरंजन और प्रशिक्षण से गुजरते हैं। खासकर महिला जनप्रतिनिधियों के लिए यह बेहद अच्छा अवसर है। उन्हें अपने गांव-घर से बाहर निकलने के ज्यादा मौके नहीं मिल पाते। ऐसे में यह योजना उनके लिए बहुत ज्ञानवर्धक और उपयोगी है।
क्रमांक-711/कमलेश
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पंचायत मंत्री का दौरा कार्यक्रम


रायपुर, 13 मई 2017
 पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री अजय चंद्राकर लोक सुराज अभियान के तहत कल रविवार को धमतरी जिले का दौरा करेंगे। श्री चंद्राकर 14 मई को सवेरे 11 बजे रायपुर से रवाना होकर कुरूद विकासखण्ड के ग्राम कोसमर्रा जाएंगे। वे 12 बजे कोसमर्रा पहुंचेंगे और वहां आयोजित लोक सुराज समाधान शिविर में शामिल होंगे। श्री चंद्राकर इसके बाद कुरूद विकासखण्ड के ही ग्राम थूहा (नवागांव) में आयोजित स्थानीय कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे। वे कार्यक्रम के बाद रायपुर लौट आएंगे। 

क्रमांक-706/ओम

पंचायत मंत्री श्री अजय चंद्राकर झलप के समाधान शिविर में हुए शामिल

विभिन्न योजनाओं के तहत सामग्रियों का किया वितरण
रायपुर, 13 मई 2017
  पंचायत एवं ग्रामीण विकास, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री अजय चन्द्राकर आज महासमुंद विकासखंड के झलप में आयोजित लोक सुराज समाधान शिविर में शामिल हुए। शिविर में उन्होंने विभागों के अधिकारियों से व्यक्तिगत रूप से रूबरू होते हुए शिविर, संकुल और विकासखंड स्तरीय जानकारी प्राप्त की। उन्होंने जिले में प्राप्त आवेदनों के साथ-साथ उन पर की गई कार्रवाई की भी जानकारी ली। इस अवसर पर महासमुन्द क्षेत्र के विधायक डॉ. विमल चोपड़ा, पूर्व संसदीय सचिव श्री पूनम चंद्राकर, जनपद अध्यक्ष श्री धरमदास महिलांग, कलेक्टर श्री उमेश कुमार अग्रवाल, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री पुष्पेन्द्र मीणा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे। इस अवसर पर श्री चंद्राकर ने विभिन्न विभागों के तहत हितग्राहियों को सामग्री का वितरण भी किया।
श्री चंद्राकर ने शिविर में उपस्थित ग्रामीणों से अपील की वे सभी शासकीय कार्यों के लिए अपने बैंक खातें में आधार नंबर जोड़े। उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत सभी परिवार आवश्यक रूप से शौचालय का निर्माण करें और उनका उपयोग भी सुनिश्चित हो। उन्होंने जनप्रतिनिधियों को आम लोगों को भी स्वच्छता के प्रति जागरूक करने को कहा। श्री चंद्राकर ने इस मौके पर विभिन्न विभागों के अधिकारियों से योजनावार जानकारी ली। महासमुन्द कलेक्टर श्री उमेश अग्रवाल ने बताया कि जिले में स्वच्छता चौपाल का आयोजन किया जा रहा है तथा निर्मित शौचालयों का टेक्नीकल वेरिफिकेशन का कार्य भी किया जा रहा है। जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने बताया कि मनरेगा के अंतर्गत पिछले वर्षों में पोस्ट आफिस के माध्यम से मजदूरी भुगतान में कुछ समस्याएं आई थी। इनमें से अधिकांश समस्याओं को दूर कर लिया गया है, शेष समस्याओं को भी बहुत जल्दी दूर कर लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में मजदूरी के भुगतान में समस्या नहीं है।
अधिकारियों ने बताया कि संकुल के अंतर्गत आने वाले 10 ग्राम पंचायतों में 701 आवेदन पत्र प्राप्त हुए थे, जिसमें से दो समस्या संबंधी और 699 मांग संबंधी थे। उन्होंने बताया कि स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत शौचालय बन गए है और लोगों को प्रेरित किया जा रहा है कि वे इनका उपयोग करें। उन्होंने बताया कि शिविर में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 30 नागरिकों को स्वीकृति पत्र, 40 वृद्धजनों को पेंशन स्वीकृति पत्र, 10 मजदूरों को जो मनरेगा जाब कार्ड, 5 उपभोक्ताओं को नए राशन कार्ड, 21 राशन कार्डों का त्रुटि सुधार, 74 नागरिकों के नाम राशन कार्ड में जोड़ने का कार्य तथा 50 महिलाओं को प्रधानमंत्री उज्ज्वला गैस कनेक्शन दिए गए। इसी तरह 4 महिलाओं की गोदभराई, 3 बच्चों का अन्नप्रासन्न और 51 बच्चों को बाल भोज कराया गया, 12 किसानों को ऋण पुस्तिका प्रदाय की गई, 6 किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड, 2 को स्प्रेयर और 2 को उन्नत दांतेदार हसियां प्रदाय किया गया, 28 बच्चों को बाल संदर्भ योजना के तहत स्वास्थ्य जांच की गई। इसी तरह 18 किशोरी बालिकाओं की स्वास्थ्य के जांच भी की गई।
अधिकारियों ने बताया कि 6 सीमांकन और 14 नामांतरण के प्रकरणों का निराकरण किया गया है। विद्युत विभाग के अधिकारियों ने बताया कि क्षेत्र में एक नए ट्रांसफार्मर लगाया गया है तथा विद्युत व्यवस्था को सुधारने संबंधी आवेदनों पर कार्रवाई की गई है। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों ने क्षेत्र में पेयजल की स्थिति की जानकारी दी। शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि कक्षा 10वीं और 12 वीं के बच्चों के परीक्षा परिणाम में सुधार आया है। श्री चंद्राकर ने स्वास्थ्य विभाग की प्रगति की भी जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि सबसे अधिक आवेदन स्मार्ट कार्ड बनाने के लिए आया है, इस पर कार्रवाई की जा रही है। महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों ने बताया कि महतारी जतन योजना के तहत गर्भवती महिलाओं को घर में भोजन पहुंचाने के लिए टिफिन की व्यवस्था प्रारंभ की जा रही है। श्री चंद्राकर ने प्राप्त आवेदनों का शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए।
क्रमांक-705/पंकज

देश की कृषि आधारित सर्वश्रेष्ठ योजनाओं में छत्तीसगढ़ के पीपीआर टीकाकरण अभियान का चयन : नीति आयोग द्वारा प्रकाशित ’स्टेट फारवर्ड’ पुस्तिका में अभियान शामिल

प्रधानमंत्री श्री मोदी ने की अभियान की सराहना
मुख्यमंत्री और पशुधन विकास मंत्री ने
विभागीय अधिकारियों-कर्मचारियों और बकरी पालक किसानों को दी बधाई
रायपुर, 13 मई 2017
 केन्द्र सरकार के नीति आयोग ने कृषि आधारित उत्कृष्ट अनुकरणीय योजनाओं में छत्तीसगढ़ सरकार के पीपीआर टीकाकरण अभियान का चयन किया है। नीति आयोग द्वारा पिछले वर्षों में देश के राज्यों में संचालित कृषि आधारित सर्वश्रेष्ठ योजनाओं की जानकारी मंगाई गई थी। इनमें से 13 योजनाओं का चयन किया गया है। इन योजनाओं में छत्तीसगढ़ के पशुधन विकास विभाग के बकरी-प्लेग टीकाकरण अभियान का चयन कर इसे पूरे देश के लिए अनुकरणीय बताया गया है। आयोग ने इस संबंध में ’स्टेट फारवर्ड’ नाम की एक पुस्तिका प्रकाशित की है, जिसमें बकरी-प्लेग (पीपीआर) टीकाकरण अभियान को कृषि आधारित 13 सर्वश्रेष्ठ योजनाओं के रूप में शामिल किया गया है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने स्टेट फारवर्ड पुस्तिका की प्रस्तावना में पीपीआर टीकाकरण अभियान की सराहना की है। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह तथा कृषि एवं पशुधन विकास मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने इस उपलब्धि के लिए पशुधन विकास विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों तथा राज्य के बकरी पालक किसानों को बधाई एवं शुभकामनाएं दी है।
पशुधन विकास विभाग के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि विभाग द्वारा पिछले सात साल से हर वर्ष ठण्ड के मौसम में सितम्बर से दिसम्बर माह के बीच बकरी प्रजाति के पशुओं को पीपीआर बीमारी (प्लेग) से बचाने के लिए पल्स पोलियो की तर्ज पर राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत टीकाकरण अभियान चलाया जाता है। विगत सात सालों में अभियान के तहत लगभग दो करोड़ टीके लगाए जा चुके हैं। अधिकारियों ने बताया कि प्लेग से हर साल काफी संख्या में भेड़-बकरियों की मृत्यु हो जाती है, जिससे पशुपालक किसानों को आर्थिक हानि होती है। अधिकारियों ने बताया कि टीकाकरण अभियान के फलस्वरूप छत्तीसगढ़ में बीते चार साल में बकरी प्रजाति के पशुओं को प्लेग होने का कोई मामला सामने नहीं आया है। किसानों की आय दोगुनी करने की दिशा में भी यह अभियान सहायक साबित होगा।
अधिकारियों ने बताया कि छत्तीसगढ़ में बकरी पालन का व्यवसाय ग्रामीण क्षेत्रों में अनुसूचित जाति, जनजाति तथा पिछडे वर्ग के भूमिहीन, लघु और सीमांत किसानों द्वारा किया जाता है। उन्होंने बताया कि 1़9वीं पशु संगणना के अनुसार प्रदेश में भेड़-बकरी प्रजाति के पशुओं की संख्या 33 लाख 91 हजार के करीब है, जो इससे पहले की संगणना से मिली संख्या की तुलना में 17 प्रतिशत अधिक है। ग्रामीण क्षेत्रों में मुख्य रूप से मांस और दूध के लिए बकरी पालन किया जाता है। इससे पशुपालकों को अच्छी आमदनी मिल जाती है।
अधिकारियों ने बताया कि बकरी प्रजातियों के प्रमुख बीमारियों में विषाणु (वायरस) जनित पीपीआर बीमारी शामिल है। इस बीमारी से प्रभावित पशुओं में से 70 से 80 प्रतिशत पशुओं की मौत संभावित होती है। ग्रामीण क्षेत्रों में इस बीमारी के फैलने के बाद पशुपालक अपने स्वस्थ्य पशुओं को भी कम दाम में बेचने लगते हैं, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान होता है। अधिकारियों ने बताया कि टीकाकरण अभियान की सफलता के लिए हर साल ठोस और कारगर कार्य योजना बनाई जाती है। कृषि मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल द्वारा सरपंचों तथा जनपद एवं जिला पंचायत अध्यक्षों को पत्र लिखकर अभियान को सफल बनाने आग्रह किया जाता है। कृषि विभाग के अपर मुख्य सचिव एवं कृषि उत्पादन आयुक्त श्री अजय सिंह की ओर से भी जिला कलेक्टरों और जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को अभियान में सहयोग देने पत्र भेजा जाता है। कृषि विभाग के सचिव श्री अनूप श्रीवास्तव एवं संचालक पशु चिकित्सा सेवाएं डॉ. एस.के. पाण्डेय का भी सहयोग इस अभियान को सफल बनाने में हमेशा मिलता है। टीकाकरण अभियान दलों को समुचित प्रशिक्षण दिया जाता है। इसके अलावा व्यापक प्रचार-प्रसार कर पशुपालकों को टीकाकरण के लिए जागरूक किया जाता है। अभियान दल के सदस्य घर-घर जाकर टीके लगाने का काम करते हैं। हर साल अभियान के 21 दिन बाद टीके लगाए गए पशुओं में से 0.10 प्रतिशत बकरियों से खून के नमूने लेकर भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान मुक्तेश्वर में जांच कराई जाती है। विगत वर्षों में इनमें 78 से 82 प्रतिशत सफलता की पुष्टि की गई। 

 क्रमांक-702/राजेश

मुख्य सचिव 19 मई को मंत्रालय में दिलाएंगे आतंकवाद विरोधी शपथ

     रायपुर, 13 मई 2017
 राज्य शासन द्वारा हर वर्ष 21 मई को आतंकवाद विरोधी दिवस मनाया जाता है। मुख्य सचिव श्री विवेक ढांड आतंकवाद विरोधी दिवस के अवसर पर 19 मई को सवेरे 11 बजे अधिकारियों-कर्मचारियों को आतंकवाद विरोधी दिवस की शपथ दिलाएंगे। 20 मई को तृतीय शनिवार और 21 मई को रविवार अवकाश होने के कारण यह दिवस 19 मई को मनाया जाएगा। सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा इस संबंध में सभी अपर मुख्य सचिवों, प्रमुख सचिवों, सचिवों और विशेष सचिवों को परिपत्र जारी कर अधिकारियों-कर्मचारियों को निर्धारित तिथि और समय पर उपस्थित होने के लिए निर्देश दिए गए हैं। 
क्रमांक-704/काशी

आतंकवाद विरोधी दिवस 21 मई को : सरकारी कार्यालयों में 19 मई को लेंगे शपथ

     रायपुर, 13 मई 2017
आतंकवाद और हिंसा से राष्ट्रीय हितों पर पड़ने वाले प्रतिकूल प्रभावों से आम लोगों खासकर युवाओं को दूर रखने के लिए हर साल 21 मई को आतंकवाद विरोधी दिवस मनाया जाता है। सरकारी कार्यालयों में 20 मई को तृतीय शनिवार और 21 मई को रविवार अवकाश होने के कारण यह दिवस 19 मई को मनाया जाएगा। इस दिन मंत्रालय (महानदी भवन) सहित प्रदेश के सभी सरकारी कार्यालयों, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों और अन्य सार्वजनिक संस्थाओं में सवेरे 11 बजे अधिकारियों और कर्मचारियों द्वारा आतंकवाद और हिंसा विरोधी शपथ ली जाएगी।
     सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा आतंकवाद विरोधी दिवस मनाने के लिए विभिन्न तरीके अपनाने के संबंध में अध्यक्ष राजस्व मण्डल बिलासपुर सहित सभी विभाग प्रमुखों, संभागीय कमिश्नरों और जिला कलेक्टरों को परिपत्र जारी किया गया है। इसके अनुसार आतंकवाद और हिंसा के खतरों के संबंध में स्कूलों, कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में वाद-विवाद, चर्चा-परिचर्चा, सेमीनार, व्याख्यान, आदि आयोजित किए जाएंगे। इस दिन पोस्टर, पाम्पलेट, समाचार पत्र-पत्रिकाओं, आकाशवाणी और दूरदर्शन आदि के माध्यम से उचित अभिव्यक्ति प्रस्तुत करके आतंकवाद और हिंसा के विरूद्व जनजागृति लाने के लिए दृढ़ और निरंतर अभियान चलाने को कहा गया है।
     परिपत्र में कहा गया है कि हिंसा और आतंकवाद के कुप्रभावों को प्रकाश में लाने के लिए जनशिक्षा कार्यक्रमों के वास्ते खेलों, फिल्मों की प्रमुख हस्तियों और अन्य प्रसिद्ध हस्तियों को शामिल करके इलेक्ट्रानिक एवं प्रिंट मिडिया का कल्पनात्मक प्रयोग और ऐसी टी-शर्टो का संवितरण करना चाहिए जिनमें हिंसा-आतंकवाद के विरोध में आकर्षक नारें लिखे हो। स्वयं सेवी संगठनों, सामाजिक और सांस्कृतिक निकायों को व्याख्यानों, चर्चाओं, परिचर्चाओं, संगीत और कविता पाठ कार्यक्रमों एवं सांस्कृतिक समारोह के रूप में अपने स्वयं के कार्यक्रमों के लिए तैयार करना चाहिए। परिपत्र में कहा गया है कि आतंकवाद विरोधी तरीके अपनाने और इसके आयोजन के संबध में जिला पुलिस अधीक्षकों से भी परामर्श किया जाए।
क्रमांक-703/काशी

प्रदेश को ग्यारह नवोदय विद्यालयों की नई सौगात : मुख्यमंत्री आज करेंगे आधा दर्जन नवोदय विद्यालयों का शुभारंभ

रायपुर, 13 जुलाई 2017 प्रदेश को ग्यारह नवोदय विद्यालयों की नई सौगात मिली है।  मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह कल 14 जुलाई को बालोद जिले के प्...